मुजफ्फरनगर के बाद मेरठ में हिंसा पीड़ित परिजनों से मिलीं प्रियंका गांधी

 

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी मुजफ्फरनगर के बाद मेरठ में परतापुर स्थित साईं कॉलोनी में भूड़बराल आवास पर पहुंचीं। प्रियंका गांधी ने उपद्रव में मारे गए सभी मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। इस दौरान पीड़ित परिजनों ने प्रियंका से कहा कि हमें परेशान किया जा रहा है। इस पर प्रियंका ने कहा कि मैं हमेशा आपके साथ हूं। उन्होंने परिवार को हर सम्भव मदद दिलाने का आश्वाशन दिया। करीब 30 मिनट तक परिवारों से मिलने के बाद भारी धक्कामुक्की के बीच प्रियंका दिल्ली के लिए रवाना हो गईं। वही, इमरान मसूद ने कहा कि प्रशासन का रवैया ठीक नही है। हमें बार- बार मिलने से रोका जा रहा है। मोहम्मद सलाउद्दीन ने प्रियंका गांधी से न्याय दिलाने के लिए कहा। इस दौरान प्रियंका मृतक अलीम के भाई से भी मिलीं। बताया गया कि दो दिन पहले पुलिस कथित रूप से अलीम के (जो मेरठ में विरोध प्रदर्शन के दौरान मारे गए) के घर गई थी और उसके भाई को धमकी दी थी कि वह अपने भाई की मौत के लिए न लड़ें।
 

 
वहीं एक पीड़ित युवक ने बताया कि प्रियंका गांधी ने इंसाफ दिलाने की बात कही है। साथ ही बताया कि उन्होंने हर संभव मदद का आश्वासन दिया है। सरकारी नौकरी दिलाने का भी आश्वासन दिया है।

इससे पहले प्रियंका गांधी वाड्रा शनिवार सुबह मुजफ्फरनगर पहुंचीं। इस दौरान प्रियंका गांधी सीधे मौलाना असद के घर पहुंचीं जहां उन्होंने पीड़ित लोगों से बात की। प्रियंका गांधी के साथ कांग्रेस नेता इमरान मसूद और पूर्व विधायक पंकज मलिक भी थे। 

प्रियंका गांधी ने मुजफ्फरनगर में कई परिवारों से मुलाकात की। प्रियंका ने कहा कि मौलाना असद ने मुझे बताया कि पुलिस ने मदरसे के अंदर घुसकर छात्रों को बेरहमी से पीटा और फिर बच्चों को जेल में डाल दिया। प्रियंका ने कहा कि पीड़ितों में किसी का हाथ टूटा हुआ है और किसी के टांगों में पट्टी हुई है। प्रियंका के अनुसार पीड़ित लोगों का कहना है कि पुलिस ने घरों में घुसकर लोगों के साथ मारपीट की है।

हीं प्रियंका गांधी दूसरे परिवार नूर मोहम्मद के यहां पहुंचीं। यहां पीड़ितों का हाल देख प्रियंका ने कहा कि यह बहुत ही दर्दनाक है। उन्होंने कहा कि पीड़िता सात माह की गर्भवती हैं और उसके छोटी सी एक बच्ची है। प्रियंका ने कहा हम कोशिश करेंगे कि जहां- जहां अन्याय हुआ हम वहां जाएंगे और पीड़ित लोगों की मदद करेंगे। उनका कहना है कि पुलिस का काम जनता की सुरक्षा करना है लेकिन यहां तो उल्टा हुआ है।

इस दौरान प्रियंका गांधी वाड्रा ने रुकैया परवीन से भी मुलाकात की, जिनकी आज शादी हो रही है। प्रियंका ने कहा कि पुलिस ने परवीन के घर में तोड़फोड़ की और उसके घर में रखा दहेज का सामान भी तोड़ दिया गया।

वहीं पूरे उत्तर प्रदेश में हुई हिंसा के सवाल पर प्रियंका गांधी ने कहा कि मैंने राज्यपाल को एक बहुत लंबी चिट्टी भेजी है। उसमें पूरी डिटेल है। पुलिस ने लोगों को किस तरह से पीटा है। प्रियंका गांधी ने कहा कि पुलिस ने बच्चों को भी जेल में डाला है जो कि बहुत गलत है।

इसके अलावा पाकिस्तान में गुरुद्वारा पर हुए पथराव के सवाल पर प्रियंका ने कहा कि जहां- जहां गलत होता है। वह गलत है। गलत काम किसी को नहीं करना चाहिए।

बता दें कि प्रियंका गांधी का काफिला नहर की पटरी से होते हुए मुजफ्फरनगर पहुंचा है। कांग्रेसियों के अनुसार प्रियंका गांधी उपद्रव में मारे गए मृतक के परिजनों से मुलाकात करेंगी। यह भी बताया जा रहा है कि प्रियंका गांधी वापस लौटते वक्त मेरठ होते हुए जाएंगी।

गौरतलब है कि मुजफ्फरनगर में हुए उपद्रव में एक युवक की मौत हो गई थी। शहर के मीनाक्षी चौक के पास उग्र भीड़ ने प्रदर्शन कर पथराव, तोड़फोड़ और आगजनी की थी। इस दौरान पांच बाइक और स्कूटी के अलावा दर्जनों वाहन में आग लगा दी थी। अस्थायी पुलिस चौकी भी फूंक दी गई थी। गोलीबारी में तीन लोग घायल हुए थे। पुलिस ने आंसू गैस के गोले और लाठीचार्ज किया था।