पश्चिम बंगाल के पूर्वी वर्द्धमान जिले में जमीन की खुदाई में मिली सदियों पुरानी सुरंग


पश्चिम बंगाल के पूर्वी वर्द्धमान जिले में एक मकान के निर्माण के दौरान जमीन की खुदाई करते समय सदियों पुरानी सुरंग मिली है। सुरंग की ऊंचाई दस फीट और चौड़ाई चार फुट है। इतिहासकार इसे 200-300 साल पुरानी सुरंग बता रहे हैं। जिला अधिकारी ने बताया कि भटार ब्लॉक के महता गांव में शनिवार को जियारुल मलिक की जमीन पर मकान की नींव रखते समय सदियों पुरानी सुरंग का पता चला जिसके मुंह की ऊंचाई सात फुट और चौड़ाई चार फुट है।


 

जिला के इंस्पेक्टर प्रणब कुमार बनर्जी ने बताया कि गांव के स्थायी निवासी जियारुल मलिक ने अपना मकान बनाने के लिए यह जमीन खरीदी थी। मकान की नींव रखने के लिए जब खुदाई हुई तो जमीन का एक हिस्सा अंदर घुस गया।

इस मामले को तुरंत ही जिलाधिकारियों और पुरातत्व विभाग और पुलिस को बताया गया। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) विभाग के वहां पहुंचने से पहले ही सुरंग की कुछ तस्वीरें उनको दी गई।। तस्वीरों के आधार पर विभाग के अधिकारी ने कहा कि यह सुरंग 200-300 साल पुरानी लगती है और पूरी जांच के पहले कुछ भी कहना ठीक नहीं होगा।

इतिहासकार सरबजीत यश ने बताया कि यह सुरंग संभवत: 250-300 साल पुरानी है और इसके कुछ हिस्से जैन वास्तुकला से मेल खाते हैं। उन्होंने बताया कि यह सुरंग किसी शाही परिवार की हो सकती है, जिसका निर्माण ब्रितानी शासन के दौरान किया गया होगा।

पुलिस के एक अधिकारी ने कहा कि इलाके की घेराबंदी कर ली गई है और पुलिस की एक टुकड़ी को वहां तैनात किया गया है क्योंकि महता गांव में सुरंग को देखने के लिए जिले भर से लोग आ रहे हैं।