आठ भारतीय नाविक सऊदी अरब में बिना वेतन जहाज में फंसे ,तीन की हालत गंभीर

संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में आठ भारतीय नाविक पिछले नौ महीने से बिना वेतन के एक जहाज में फंसे हुए हैं। गल्फ न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, इन में से तीन नाविक काफी बीमार भी हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि एमवी हूट नामक जहाज में फंसे नाविक जून 2019 से खोर फक्कान तट पर हैं। वे अनजाने में यहां एक कानूनी विवाद में फंस गए थे। इन में से दो बुखार से पीड़ित हैं जबकि एक त्वचा संक्रमण से जूझ रहा है। 
 

इन लोगों के पास स्वास्थ्य सेवा या दवाओं की पहुंच नहीं है। ऐसे में चालक दल के अन्य सदस्यों को डर है कि वे भी बीमार पड़ सकते हैं। जहाज के मुख्य अधिकारी सुरेश कुमार ने अखबार को फोन पर बताया, हमारी हालत दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही है। हम मानसिक और शारीरिक दोनों तरह से थक चुके हैं। मुझे नहीं पता कि हम इस तरह से कब तक यहां रहेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि शिपिंग कंपनी ने नौ महीने से उन्हें वेतन भी नहीं दिया है।

पीने के लिए पानी की कमी


इंजन का रखरखाव करने वाले 32 साल के जसपाल सिंह ने कहा कि वे उधार लेकर काम चला रहे हैं। हम में से दो बुखार से पीड़ित है जबकि हमारा रसोइये के पूरे शरीर पर संक्रमण हो चुका है। हमारे पास पीने के पानी की भी भारी कमी है। हम में से कई लोग कुछ महीनों से नहाए भी नहीं है। हमें नहाने के लिए मजबूरी में समुद्री पानी का सहारा लेना पड़ रहा है। हमने कई अधिकारियों से इस मुद्दे पर बात की लेकिन कुछ समाधान नहीं निकल पा रहा है।

गलती से कानूनी पचड़े में फंसे


सुरेश के मुताबिक, जहाज एक जून को शारजाह के हमारियाह पोर्ट से निकला था। लेकिन हमें मध्य समुद्र में तेल भरना पड़ा। तट रक्षकों ने बिना अनुमति के तेल भरने को लेकर हमारे जहाज को पकड़ा और खोर फक्कान ले गए। सुरेश के मुताबिक, इसमें हमारी गलती नहीं बल्कि जहाज मालिक ने तेल भरने के लिए एक बोट वहां भेजी थी। तब से हम यहीं पर एंकर डालकर रहने को मजबूर हैं। मामला फुजाइराह कोर्ट में चल रहा है। जब तक हमारे पक्ष में फैसला नहीं आ जाता हम जहाज को नहीं छोड़ सकते।