यूपी और बिहार के श्रमिकों की भीड़ मध्यप्रदेश सीमा पर , सरकार ने कहा-सभी को निःशुल्क भेजा जा रहा है घर

कोरोना संकट के कारण विभिन्न प्रदेशों में फंसे श्रमिकों को मध्यप्रदेश वापस लाने का सिलसिला लगातार जारी है। अपर मुख्य सचिव श्री आई.सी.पी. केशरी ने जानकारी दी है कि श्रमिकों को लाने-ले जाने के लिए अभी तक 16 हजार 218 बसों की व्यवस्था की गई है। 
 


वहीं लॉकडाउन के मद्देनजर महाराष्ट्र से बड़ी संख्या में उत्तर प्रदेश एवं बिहार जाने के इच्छुक श्रमिक बड़ी बिजासन से मध्यप्रदेश की सीमा में प्रवेश कर रहे हैं। विगत 12 मई से अभी तक मध्यप्रदेश सरकार ने 1042 बसों के माध्यम से 46 हजार 890 श्रमिकों को उनके गृह राज्य तक नि:शुल्क भेजा है।
बता दें कि इससे पहले शिवराज सरकार ने घोषणा की थी कि जो भी श्रमिक स्पेशल ट्रेन से अपने गृह प्रदेश लौट रहे हैं, उनके रेल किराये का भुगतान शासन द्वारा किया जाएगा। श्रमिकों से किसी भी तरह का किराया वसूल नहीं किया जाएगा।

मध्यप्रदेश में अब केवल रेड और ग्रीन जोन, ऐसा होगा लॉकडाउन का चौथा चरण


दूरदर्शन पर चौहान ने प्रदेश की जनता को संबोधित करते हुए कहा, लॉकडाउन के संबंध में प्रदेश की जनता, सभी वर्ग और जिलों के आपदा प्रबंधन समूहों से मिले सुझावों के आधार पर निर्णय लिया गया है। राज्य में अब केवल दो जोन होंगे- ग्रीन और रेड। सभी कंटेनमेंट जोन में विशेष प्रतिबंध जारी रहेंगे। 


 

 

रेड जोन के अंतर्गत इंदौर, उज्जैन जिले का संपूर्ण क्षेत्र, भोपाल, बुरहानपुर, जबलपुर, खंडवा और देवास के नगर पालिका व निगम और मंदसौर, नीमच, धार व कुक्षी के नगर पालिका क्षेत्र होंगे। प्रदेश के शेष सभी जिले ग्रीन जोन में रखे गए हैं। एक सप्ताह तक यहां बाजार बंद रहेंगे, इसके बाद समीक्षा कर निर्णय लिया जाएगा।


 


सभी जोन में ये गतिविधियां रहेंगी प्रतिबंधित


सभी जोन में स्कूल, कॉलेज, कोचिंग, प्रशिक्षण संस्थान, होटल, रेस्टोरेंट, हॉस्पिटेलिटी सेवाएं, सिनेमा हॉल, शॉपिंग मॉल, जिम, स्वीमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, थियेटर्स, बार, ऑडिटोरियम प्रतिबंधित रहेंगे। सामुदायिक, सामाजिक, राजनैतिक, खेलकूद, मनोरंजन, अकादमिक, सांस्कृतिक, धार्मिक आयोजन नहीं हो सकेंगे। 

सभी धार्मिक स्थल, पूजा स्थल और धार्मिक सभाएं प्रतिबंधित रहेंगी। शाम सात बजे से सुबह सात बजे तक लोगों का आवागमन केवल अति आवश्यक गतिविधियों को छोड़कर प्रतिबंधित रहेगा। सार्वजनिक परिवहन की बसें अभी एक सप्ताह तक प्रतिबंधित रहेंगी तथा इसके बाद समीक्षा कर निर्णय लिया जाएगा



रेड जोन में इन गतिविधियों को रहेगी अनुमति



रेड जोन के अंतर्गत मोहल्ले की दुकानें, स्टैंड अलोन दुकानें, रहवासी परिसर की दुकानें और बाजारों में स्थित आवश्यक वस्तुओं की दुकानें खुली रहेंगी। ऑनलाइन शिक्षा चालू रहेगी। मेडिकल, पुलिस आवास, क्वारंटीन सेंटर, फंसे हुए लोगों के भोजन के लिए उपयोग किए जाने वाले होटल, बस डिपो, रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट में संचालित कैंटीन, होम डिलिवरी करने वाले रेस्टोरेंट के किचन, स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स, स्टेडियम (बिना दर्शकों के), सभी प्रकार का माल परिवहन, कार्गो मूवमेंट तथा उनके खाली वाहनों का आवागमन जारी रहेगा। सभी स्वास्थ्यकर्मियों और सफाईकमियों का आवागमन, उद्योगों के लिए श्रमिकों को लाने ले जाने की बसें, शासकीय व निजी कार्यालय 50 प्रतिशत क्षमता के साथ चालू रहेंगे।

ग्रीन जोन में इन गतिविधियों को अनुमति


ग्रीन जोन में सभी क्षेत्रों के लिए प्रतिबंधित गतिविधियों को छोड़कर शेष सभी प्रकार की गतिविधियां संचालित की जा सकेंगी। इन क्षेत्रों में अन्य कोई पाबंदी नहीं रहेगी, सभी दुकानें और बाजार खुले रहेंगे, सब्जी मंडियां खुलेंगी, निजी व शासकीय कार्यालय पूरी क्षमता से चलेंगे और निजी वाहनों से आवागमन किया जा सकेगा। यदि किसी ग्रीन जोन जिले में पॉजिटिव प्रकरण बढ़ते है तो वह रेड जोन में परिवर्तित किया जा सकेगा। 


कन्टेनमेंट क्षेत्रों में विशेष प्रतिबंध जारी रहेंगे


मुख्यमंत्री ने कहा कि लॉकडाउन के चौथे चरण में कंटेनमेंट क्षेत्रों में विशेष प्रतिबंध जारी रहेंगे और केवल अत्यावश्यक गतिविधियों की अनुमति होगी। इस जोन के भीतर और बाहर लोगों का आना-जाना प्रतिबंधित रहेगा। केवल मेडिकल इमरजेंसी और आवश्यक वस्तुओं और सेवाओं की आपूर्ति की जा सकेगी। कंटेनमेंट एरिया में उद्योग संचालित नहीं होंगे परंतु इनके बाहर सभी स्थानों पर उद्योग संचालित किए जा सकेंगे।


बुजुर्ग, गर्भवती महिलाएं, बच्चे घर पर ही रहें


हर जोन मे कोरोना संक्रमण से बचने के लिए 65 वर्ष से अधिक उम्र के लोग, मल्टिपल डिसआर्डर वाले व्यक्ति, गर्भवती महिलाएं तथा 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को घर पर ही रहना होगा।